EPFO News: अगर अचानक कोई मेडिकल इमरजेंसी आ जाए या घर में कोई बड़ा खर्च आ खड़ा हो, तो पीएफ (PF) का पैसा याद आता है। लेकिन पहले इस पैसे को खाते में आने में हफ्तों लग जाते थे। अब इस सुस्त रफ़्तार को भूल जाइए। सरकार EPFO 3.0 के जरिए एक ऐसा ऐतिहासिक बदलाव लेकर आई है, जिससे आपका भविष्य निधि (Provident Fund) खाता आपके जेब में रखे एक आम बैंक वॉलेट की तरह काम करेगा। अब आप जरूरत पड़ने पर सीधे एटीएम (ATM) मशीन पर जाकर या अपने फोन से UPI करके पीएफ का पैसा तुरंत निकाल सकेंगे।
अब जेब में होगा ‘EPF एटीएम कार्ड’, जानिए पैसे निकालने के नियम
EPFO ने नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) के साथ हाथ मिलाया है। इसके तहत अब पीएफ खाताधारकों को विशेष EPF-लिंक्ड डेबिट कार्ड जारी किए जाएंगे। लेकिन ध्यान रहे, यह आपकी पूरी जमापूंजी को खत्म करने के लिए नहीं है; इसे इस तरह डिजाइन किया गया है कि आपकी बुढ़ापे की बचत भी सुरक्षित रहे और जरूरत पर पैसा भी मिल जाए।
इस नए डिजिटल ढांचे के मुख्य नियम इस प्रकार हैं:
| निकासी का माध्यम | कितनी रकम निकाल सकते हैं? | ध्यान रखने योग्य मुख्य बात |
| एटीएम (ATM) से निकासी | आपकी कुल पात्र आंशिक (partial) राशि का 50% तक। | सीधे किसी भी एटीएम मशीन में कार्ड स्वाइप करके कैश निकाला जा सकता है। |
| यूपीआई (UPI) ट्रांसफर | कुल जमा ईपीएफ बैलेंस का 75% तक एडवांस। | मोबाइल ऐप में जाकर आधार ओटीपी और UPI आईडी डालते ही पैसा सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर। |
| सुरक्षित रिजर्व (Lock-in) | कुल फंड का 25% हिस्सा हमेशा सुरक्षित रहेगा। | किसी भी स्थिति में इस 25% हिस्से को आंशिक एडवांस के रूप में नहीं निकाला जा सकता। |
| 100% पूरा पैसा | केवल रिटायरमेंट (58 वर्ष) या 2 महीने की बेरोजगारी पर। | एटीएम या यूपीआई से पूरा 100% पैसा एक बार में नहीं निकाला जा सकता। |
कंपनी के चक्कर काटने से मुक्ति, 3 दिन में ‘ऑटो-सेटलमेंट’
इस नए सिस्टम (EPFO 3.0) का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब आपको पीएफ का पैसा निकालने के लिए अपनी कंपनी या नियोक्ता (Employer) के चक्कर नहीं काटने होंगे। पहले जहां क्लेम पास कराने के लिए कंपनी के डिजिटल सिग्नेचर और अधिकारियों की मंजूरी की जरूरत होती थी, वहीं अब इसे पूरी तरह Self-Certification (स्व-सत्यापन) और आधार ओटीपी के जरिए मंजूर किया जा सकेगा।
इसके अलावा, ऑटो-क्लेम सेटलमेंट (बिना किसी इंसानी दखल के कंप्यूटर द्वारा क्लेम पास होना) की सीमा को ₹1 लाख से बढ़ाकर सीधे ₹5 लाख कर दिया गया है। इसका मतलब है कि ₹5 लाख तक का क्लेम अब सॉफ्टवेयर खुद-ब-खुद अप्रूव कर देगा, जिससे पैसे मिलने का समय 20 दिनों से घटकर मात्र 3 दिन या उससे भी कम रह जाएगा।
पैसा निकालने से पहले ये 3 काम हैं जरूरी
एटीएम और यूपीआई से तुरंत पैसा निकालने की यह सुविधा केवल उन्हीं सब्सक्राइबर्स को मिलेगी जिनका डिजिटल डेटा पूरी तरह अपडेटेड है। इसके लिए आपकी चेकलिस्ट में ये तीन चीजें होनी चाहिए:
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आपका UAN (यूनिवर्सल अकाउंट नंबर) एक्टिव होना चाहिए।
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आपके आधार, पैन (PAN) और बैंक खाते के नाम और स्पेलिंग में कोई अंतर नहीं होना चाहिए (ताकि टैक्स यानी TDS न कटे)।
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आपका मोबाइल नंबर सीधे आपके आधार कार्ड से लिंक होना चाहिए ताकि रीयल-टाइम ओटीपी मिल सके।
EPFO 3.0 का यह कदम भारत के करोड़ों नौकरीपेशा लोगों के लिए एक बड़ा सुरक्षा कवच है, जो संकट के समय आपके पीएफ खाते को आपकी सबसे बड़ी ताकत बना देगा।
