नालन्दा
– मांगो की पूर्ति एवं दमनात्मक कार्रवाई वापसी तक बिहार राज्य शिक्षक संघर्ष समन्वय समिति लॉक डाउन को अनुपालन करते हुए संघर्षरत हड़ताल जारी रखेगा।उक्त बातें समन्वय समिति के अध्यक्ष मंडल सदस्य सह नवनियुक्त माध्यमिक उच्च माध्यमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष संजीत कुमार शर्मा ने कहा। उन्होंने कहा कि सरकार व सरकारी तंत्र हड़ताली शिक्षकों की एकजुटता को तोड़ने के लिए कतिपय लोगों द्वारा विभिन्न माध्यमों से हड़तालियो को हड़ताल तोड़ने की भार्मक व षड्यंत्रकारी गतिविधियां चलवाई जा रही है इसलिए हड़ताली शिक्षक एवं पुस्तकालयाध्यक्ष बगैर गुमराह एवं दिग्भ्रमित हुए हड़ताल पर डटे रहे बहुत जल्द सरकार को झुकना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि कोरोनावायरस जैसे महामारी में राज्य सरकार शिक्षकों को अनदेखी व उपेक्षित कर सभी विभागों के कर्मियों,अधिकारियों समेत अन्य योजनाओं से जुड़े लाभुक को एक दो महीने के अग्रिम वेतन, भत्ता आदि राशि व सुविधाएं उपलब्ध करा रही है परंतु शिक्षकों के अग्रिम तो दूर हड़ताल पूर्व का भी कमाया वेतन अपनी हठधर्मिता के कारण माननीय प्रधानमंत्री के दिशा निर्देशो को दरकिनार कर तथा श्रम विभाग के निर्देशों को भी नजरंदाज कर रही है जिससे शिक्षक इस महामारी में भुखे मरने की स्थिति में है । उन्होंने कहा कि मिडिया के माध्यम से सरकार से अपनी व्यथा दर्द व हड़ताल तुड़वाने को लेकर सूबे बिहार के चार लाख हड़ताली शिक्षक मंगलवार को सपरिवार उपवास पर रहे ताकि राज्य सरकार हमारी समस्याओं पर पहल करें। उन्होंने कहा कि सरकार मौजूदा भयावह स्थिति के मद्देनजर निलंबन, बर्खास्तगी आदि कार्रवाई व हड़ताल से इतर सभी हड़ताली शिक्षकों को फरवरी से अप्रैल तक के वेतन भुगतान करें ताकि शिक्षक समाज भी कोरोनावायरस नामक संक्रमित बीमारी से आमजनों के हितार्थ, बचाव व राहत के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष में अधिकाधिक राशि जमा करा सके।
भवदीय
संजीत कुमार शर्मा।