गुरुग्राम: भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने दिल्ली-जयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-48) पर स्थित गुरुग्राम के खेड़की दौला टोल प्लाजा को अगले छह महीनों के भीतर पंचगांव में स्थानांतरित करने को आधिकारिक मंजूरी दे दी है। यह नया स्थान मानेसर से आगे स्थित है। इस निर्णय से रोज़ाना दिल्ली और गुरुग्राम के बीच यात्रा करने वाले लाखों ऑफिस कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलेगी, जिन्हें अब तक भारी ट्रैफिक और टोल जाम का सामना करना पड़ता था। स्थानीय निवासी और यात्री वर्षों से खेड़की दौला टोल प्लाजा को हटाने की मांग कर रहे थे। उनका कहना है कि दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे की लागत पहले ही टोल वसूली के ज़रिए वसूल की जा चुकी है, इसके बावजूद टोल जारी रहने से यातायात बाधित होता है और अनावश्यक वित्तीय बोझ पड़ता है। अब टोल प्लाजा के स्थानांतरण से न केवल यातायात सुगम होगा, बल्कि आमजन के वर्षों पुराने एक बड़े मुद्दे का समाधान भी हो सकेगा।
गुरुग्राम से 15 किलोमीटर दूर शिफ्ट होगा
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय का कहना है कि खेड़की दौला टोल प्लाजा से अब तक जितना टोल वसूला गया है, वह सड़क बनाने में लगे खर्च से करीब 11% ज्यादा हो चुका है। अब यह टोल प्लाजा गुरुग्राम से 15 किलोमीटर दूर पंचगांव में शिफ्ट किया जाएगा। इसके बाद जो लोग दिल्ली और मानेसर के बीच रोज़ सफर करते हैं, उन्हें अब टोल नहीं देना पड़ेगा। इससे ऑफिस जाने वाले लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। पंचगांव को इसलिए चुना गया है क्योंकि यह वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (KMP) और NH-48 के पास है, जिससे वहां आसानी से टोल वसूली की जा सकेगी और ट्रैफिक भी नहीं रुकेगा। यहां पर NHAI एक नया सिस्टम लगाएगा जिसे मल्टी-लेन फ्री फ्लो (MLFF) कहते हैं। इसमें गाड़ी को टोल पर रुकने की ज़रूरत नहीं होगी। सड़क पर लगे कैमरे गाड़ी का नंबर पढ़ लेंगे और FASTag से अपने आप पैसे कट जाएंगे। इससे रास्ता जल्दी और बिना जाम के तय किया जा सकेगा।
कॉन्शिएंट इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड के बिजनेस हेड मोहित अग्रवाल ने कहा, “खेड़की दौला टोल प्लाजा का पंचगांव में स्थानांतरण एक ऐतिहासिक फैसला है, जो गुरुग्राम के रियल एस्टेट बाजार के लिए बड़ा सकारात्मक बदलाव लाएगा। इस टोल हटने से एक बड़ी ट्रैफिक की परेशानी दूर होगी, जिससे रोज़ सफर करने वालों को राहत मिलेगी और गुरुग्राम के अलग-अलग इलाकों तक पहुंच आसान होगी। इससे यहां घर खरीदने वालों और निवेशकों की रुचि भी बढ़ेगी।”
उन्होंने आगे कहा, “कनेक्टिविटी सुधरने से रिहायशी प्रोजेक्ट्स की मांग तेजी से बढ़ेगी और आने वाले वर्षों में प्रॉपर्टी की कीमतों में भी इजाफा देखने को मिलेगा। यह बदलाव खुदरा बाजार, स्कूल-कॉलेज और अस्पताल जैसी सुविधाओं के विकास को भी बढ़ावा देगा, जिससे गुरुग्राम एक आधुनिक और प्रगतिशील शहरी जीवन के लिए आदर्श जगह बन जाएगा। यह पहल न सिर्फ यहां रहने वाले लोगों को फायदा पहुंचाएगी, बल्कि निवेशकों के भरोसे को भी मजबूत करेगी।”
एनएच-8 पर दूसरे टोल के आगे स्थित न्यू गुरुग्राम के सेक्टरों को इससे सबसे ज़्यादा फायदा होगा। बेहतर कनेक्टिविटी और दिल्ली-मानेसर के बीच टोल-फ्री यात्रा की सुविधा इन इलाकों की मांग को बढ़ाएगी। पहले से मौजूद प्रतिस्पर्धी प्रॉपर्टी रेट्स और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर अब और अधिक लोगों को यहां निवेश के लिए आकर्षित करेंगे।
रियल एस्टेट बाजार के लिए बड़ी राहत
व्हाइटलैंड कॉरपोरेशन के निदेशक (स्ट्रैटेजी) सुदीप भट्ट ने कहा, “खेड़की दौला टोल प्लाज़ा को पंचगांव शिफ्ट करने का फैसला न्यू गुरुग्राम के रियल एस्टेट बाजार के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। वर्षों से यह टोल प्लाज़ा ट्रैफिक जाम और लंबी कतारों की वजह से स्थानीय निवासियों और यात्रियों के लिए एक बड़ी परेशानी बना हुआ था। अब इसके स्थानांतरण से आवागमन का समय घटेगा, जिससे यह इलाका घर खरीदने वालों और डेवलपर्स दोनों के लिए ज्यादा आकर्षक बन जाएगा।
यह कनेक्टिविटी न केवल सुविधा बढ़ाती है, बल्कि उन घरेलू खरीदारों और निवेशकों के लिए भी नए अवसर खोलती है, जो एनसीआर में उभरते और संभावनाओं से भरपूर विकास कॉरिडोर की तलाश में हैं।”
कई बड़ी टाउनशिप और प्रोजेक्ट्स लॉन्च हुए
पिछले कुछ सालों में इस क्षेत्र में कई बड़ी टाउनशिप और प्रोजेक्ट्स लॉन्च हुए हैं, और अब टोल शिफ्ट होने से इस ग्रोथ को और रफ्तार मिलेगी। साथ ही, द्वारका एक्सप्रेसवे और साउदर्न पेरिफेरल रोड से बेहतर जुड़ाव से संपत्तियों की कीमतें भी बढ़ने की उम्मीद है।
इस बदलाव से न सिर्फ आवासीय, बल्कि कमर्शियल, रिटेल, शैक्षिक और स्वास्थ्य सुविधाओं का भी विकास तेज़ होगा। आने वाले वर्षों में न्यू गुरुग्राम एक प्रमुख रियल एस्टेट हब और निवेश का पसंदीदा गंतव्य बनकर उभरेगा।