हरसिद्धि (निज प्रतिनिधि, डेली वर्ल्ड ) थाना क्षेत्र के मटियरिया चौक पर अवस्थित एटीएम को छेड़छाड़ करते हुए अपराधियों को ग्रामीणों ने धर दबोचा ।
उसके बाद उन एटीएम कार्ड क्लोनिंग कर ठगी करने वाले तीन धंधेबाजों को पकड़कर मंगलवार को पुलिस के हवाले कर दिया।
इनकी पहचान चकिया निवासी स्वर्गीय बनारसी साह का पुत्र कुंदन कुमार, पकड़ियाल के मझार गोड़िया टोला कामेश्वर साहनी का पुत्र अशोक कुमार, मुजफ्फरपुर जिले के कांटी निवासी राम इकबाल पंडित का पुत्र अमित कुमार के रूप में की गई है। इनका तार अन्तर्राजीय एटीएम फ्रॉड गिरोह से जुड़ा है
उक्त घटना के समय महिन्द्रा एक्सयूभी गाड़ी पर सवार छह लोग गाड़ी का नम्बर BR -05H5095 से वन इंडिया एटीएम के पास उतरे। गाड़ी के आगे मानवाधिकार आयोग, भारत सरकार, पूर्वी चम्पारण और पीछे युवा जेडीयू प्रधान सचिव सह विधानसभा17 प्रभारी, पिपरा का बोर्ड लगा था।
धंधेबाज आगे की प्लानिंग कर रहे थे। इसी दौरान मकान मालिक संजय कुमार को उनकी गतिविधि पर शक हुआ। उन्होंने अन्य मौजूद लोगों के साथ पूछताछ किया। इसी दौरान तीन मौके से फरार हो गए जबकि तीन को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। मामले की जानकारी मिलते ही अरेराज डीएसपी ज्योति प्रकाश व थानाध्यक्ष शैलेन्द्र कुमार सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। हिरासत में लेकर तीनों युवकों से पूछताछ की। जब्त गाड़ी मो. कौशर के नाम से है। जबकि चालक का नाम अशोक कुमार है।
चालक चालक अशोक कुमार ने बताया मैं इस गाड़ी का ड्राइवर हूं मेरे पास मुन्ना सहनी जो पिपरा कोठी निवासी है जो हमसे संपर्क साधा और बोला अरेराज चलना है थोड़ी देर का काम है 1500 रुपया साथ में डीजल दूंगा मैं लालच में पड़ गया और इन लोगों के साथ में चल दिया ।
जिन तीन लोग मौके से भागे थे उसमें एक पिपरा निवासी मुन्ना सहनी दूसरा कांटी निवासी भगवान तिवारी और तीसरा काटी कहीं निवासी अजीत बैठा बताया गया।
पूर्व में भी कर चुके हैं फ्रॉडगिरी
सूचना के आधार पर पहाड़पुर थाने के सिसवा का निवासी गुलशन कुमार ने गिरफ्तार ठगों में से एक की पहचान की। उसने वर्ष 18 में अरेराज ओपी में अपने साथ हुए एटीएम फ्रॉड को लेकर प्रथमिकी दर्ज कराई थी। इसके मुताबिक अरेराज स्थित स्टेट बैंक के एटीएम में उससे धोखेबाजी कर 57 हजार पांच सौ रुपए उड़ा लिए गए थे। अभी गिरफ्तार एक युवक भी उस समय मौजूद था। डीएसपी ज्योति प्रकाश ने बताया कि यह मामला अन्तर्राजीय एटीएम कार्ड सह साइबर फ्रॉड गिरोह का है। आवश्यक पूछताछ के बाद गिरफ्तार आरोपितों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया जाएगा। इनकी निशानदेही के आधार पर अन्य आरिपितों तलाश जारी है।
ऐसे देते हैं घटना को अंजाम
गिरफ्तार युवकों ने कबूल किया कि एक रोज पहले के दरभंगा में सायबर फ्रॉड किए हैं। उनके पास एक छोटा कंप्यूटराइज यंत्र है। जिसे चुपके से एटीएम कार्ड लगाने वाली जगह लगा देते है। पैसे निकालने आए उपभोक्ता को इसका पता नहीं चलता। उनके एटीएम कार्ड की क्लोनिंग हो रही है। वे जब पैसे निकालकर चले जाते हैं। इनके पास एक सादा एटीएम कार्ड रहता है। जिसमें कार्ड का क्लोनिंग डाटा कॉपी कर लेते हैं। इसी डाटा के आधार पर उपभोक्ता के खाते से बचे पैसे की अवैध तौर पर निकासी कर ली जाती है।
सुनियोजित तरीके से अपराधियों ने घटना को दिया अंजाम
एटीएम के अंदर मुन्ना सहनी और उसका साथी अमित कुमार अपने काम को अंजाम दे रहे थे और गेट पर अजीत बैठना के साथ अशोक कुमार खड़ा था वही रोड पर भगवान तिवारी नजर बनाए हुए था गाड़ी पर कुंदन कुमार बैठकर तैयार था।
तब तक ग्रामीणों को इन लोगों की गतिविधि पर शक हुआ और अशोक कुमार अमित कुमार और कुंदन कुमार तो ग्रामीणों ने धर दबोचा इन लोगों के पकड़ा जाने पर मुन्ना सहनी भगवान तिवारी और अजीत बैठा भागने में सफल रहा।
प्रशासन के द्वारा जांच पड़ताल करने पर अभी बहुत सारे घटनाओ का उद्भेदन हो सकता है।