नई दिल्ली। देश में जहां ऑनलाइन और ऑफलाइन ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और वहीं सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि ऐसे मामलों में आपके करीबी और भरोसे में लेकर धोखाधड़ी को अंजाम दिया जा रहा है। ऐसा ही कुछ राजधानी के इंदर कुमार झा के साथ हुआ है। इंदर झा को एक बेहद पढ़े लिखे और सभ्य समाज में के तौर पर अपनी पहचान रखने वाले मुंबई निवासी महेंद्र मधुसूदन वनमाली ने लोन दिलाने और कॉरपोरेट की दुनिया से बड़ा निवेश का झांसा देकर कई लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। महेंद्र वनमाली ने इंदर झा को काम नहीं होने पर उनके धन (20 लाख रुपये) की सुरक्षा के तौर पोस्ट डेटेड चेक भी दिये थे। जो अब बाउंस हो रहे हैं।
जानकारी के मुताबिक महेंद्र मधुसूदन वनमाली पूर्व बैंक कर्मी है और कॉरपोरेट में अपनी गहरी पैठ दिखाने और रसूखदारों लोगों से संबंध का हवाला देता है। वह उच्च संस्थान से पढ़ा हुआ है जो अपने जानने वालों को काम करवाने के नाम पर मोटा धन ऐंठ लिया और अब धन वापस मांगने पर बार बार देने का वादा करता है मुकर जाता है और उसके द्वारा दिया हुआ चेक भी बार बार बाउंस कर जाता है।
धोखाधड़ी के कई मामले सामने आये
इंदर झा ने बताया कि जांच करने पर महेंद्र मधुसूदन वनमाली के खिलाफ और भी इसी तरह के धोखाधड़ी के कई मामले सामने आये हैं। उन्होंने बताया कि देशभर में बिजनेसमैन व व्यापारिक घरानों को लोन दिलाने के नाम पर और उनका काम कराने के नाम पर कई शहरों में लोगों को ठगने का काम किया है। किसी नीलेश जैन ने दो साल पहले सोशल मीडिया के लिंकडन पर एक पोस्ट में इसको महेंद्र मधुसूदन वनमाली को फ्रॉड बताते हुये चेक और उसकी लिंकडन प्रोफाइल शेयर किया था।
करीब दो साल पहले (17 मार्च 2024)फ्री प्रेस वेबसाइट पर एक खबर के मुताबिक महेंद्र मधुसूदन वनमाली समेत तीन लोगों ने इंदौर के एक बिजनेसमैन को उसके व्यापार को आगे बढ़ाने के लिए 100 करोड़ के निवेश दिलाने के नाम पर 2 करोड़ रुपये ठग लिये थे जिसकी पुलिस और संबंधित एजेंसियों में भी रिपोर्ट दर्ज है।
इतना ही नहीं धोखाधड़ी के मामले में महाराष्ट्र के हाईकोर्ट में 18 अप्रैल 2024 में महेंद्र मधुसूदन वनमाली के खिलाफ धोखाधड़ी के मामले में सुनवायी के बाद उसके भुगतान करने पर मामला खारिज किया गया था। जानकारी के मुताबिक महेंद्र एम वनमाली ने सूरत, मुंबई, दिल्ली समेत देश के कई शहरों में लोगों को ठगने का काम किया है।
